उत्तम त्याग धर्म का संदेशः मोह, राग-द्वेष और अहंकार छोड़कर करें निस्वार्थ दान
उदयपुर। सकल दिगंबर जैन समाज सेक्टर-14 के तत्वावधान में महावीर भवन में पर्युषण पर्व श्रद्धा एवं उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। पर्युषण पर्व के अष्टम दिन उत्तम त्याग धर्म दिवस पर प्रातः श्रीजी का अभिषेक एवं शांतिधारा विधि-विधान से संपन्न हुई। शांतिधारा का पुण्यार्जन भूपेंद्रकुमार पुंजावत परिवार ने प्राप्त किया। धर्मसभा में पंडित रविकीर्ति ने कहा कि मोह, राग-द्वेष और अहंकार को छोड़कर निस्वार्थ भाव से दान एवं त्याग करना ही उत्तम त्याग धर्म है। उन्होंने कहा कि जिस वस्तु पर वास्तव में हमारा अधिकार नहीं है, उसमें ‘मेरा’ भाव रखना मोह है। इस मोह और आसक्ति का…
