प्रकृति का दोहन इस प्रकार किया जाए कि वर्तमान की आवश्यकता पूरी हो और भावी पीढ़ी के लिए संसाधनों की कमी ना रहे- प्रो. बी.एल चौधरी
नैनोकेमिकल, नैनो एग्रीकल्चर प्रोडक्ट्स, नैनो पेस्टिसाइड्स का आवश्यकता से अधिक प्रयोग हानिकारक है- प्रो.सुनीता मिश्रा राष्ट्रीय शिक्षा नीति 20-20 में रिसर्च पर अधिक ध्यान दिया जा रहा है, जो सतत विकास की प्रक्रिया को तीव्र करेगा- प्रो. सारंगदेवोत समापन समारोह में पूर्व रसायन शास्त्रीयों को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड उदयपुर 29 मई : भूपाल नोबल्स विश्वविद्यालय एवं जनार्दन राय नागर राजस्थान विद्यापीठ के संयुक्त तथावधान में रसायन विभाग द्वारा" दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कांफ्रेंस का आयोजन" इमर्जिंग ट्रेंड्स इन केमिकल साइंसेज फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट" विषय को लेकर किया गया। इस उच्च स्तरीय एवं वर्तमान समय में प्रासंगिक विषय को लेकर आयोजित इस…
