आईसीडी भीलवाड़ा के पुनर्संचालन से एक्सपोर्ट लॉजिस्टिक एजेन्सी के रूप में राजसिको को मिलेगी पहचान – राजीव अरोड़ा

उदयपुर व्यूज़ | ताजा खबरें

– भीलवाड़ा में उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री, श्रीमती शकुंतला रावत आईसीडी का करेंगी लोकार्पण
– एक दशक से अधिक समय से बंद पड़े आईसीडी भीलवाड़ा का होगा पुनः संचालन
– प्रतिमाह लगभग 500 कंटेनर के निर्यात व्यापार होने की संभावना

भीलवाड़ा, 20 जुलाई। राज्य के भीलवाड़ा क्षेत्र के उद्योगों को बढ़ावा देने एवं पोर्ट तक कन्टेनर लॉजिस्टिक सुविधा उपलब्ध कराने के लिए भीलवाड़ा में इनलैण्ड कंटेनर डिपो (आईसीडी) का लोकापर्ण एवं पुनर्संचालन शनिवार, 22 जुलाई 2023 को प्रातः 11.30 बजे किया जायेगा। आजाद नगर स्थित आईसीडी में नवीनीकरण एवं पुनर्संचालन समारोह आयोजित किया जायेगा। इस समारोह की मुख्य अतिथि उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री श्रीमती शकुंतला रावत और विशिष्ट अतिथि राजस्व मंत्री श्री रामलाल जाट होंगे। राजसिको एवं आरईपीसी के अध्यक्ष श्री राजीव अरोड़ा की अध्यक्षता में यह समारोह आयोजित किया जायेगा। इस अवसर पर अतिरिक्त मुख्य सचिव, उद्योग एवं वाणिज्य, श्रीमती वीनू गुप्ता और प्रबन्ध निदेशक, राजसिको डॉ. मनीषा अरोड़ा भी उपस्थित रहेंगी।

श्री राजीव अरोड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि भीलवाड़ा की नवीनीकृत आईसीडी से प्रतिमाह लगभग 500 कंटेनर के निर्यात व्यापार होने की संभावना है। इससे भीलवाड़ा व उसके आसपास के टेक्सटाईल उद्योग एवं निकटवर्ती क्षेत्र विजयनगर, माण्डलगढ, गुलाबपुरा, शाहपुरा, बूंदी, चित्तौड़़गढ़ के क्षेत्र के पत्थर एवं खनिज के निर्यातकांे को विशेष रूप से लाभ प्राप्त होगा। इस आईसीडी की स्थापना के पश्चात् राज्य भर की निर्यातमुखी औद्योगिक ईकाईयों को काफी सुविधा होगी एवं इससे राज्य से निर्यात में काफी बढ़ोतरी होगी। इससे राजसिको को एक्सपोर्ट लॉजिस्टिक एजेंसी के रूप में विशिष्ट पहचान कायम होगी।

श्री राजीव अरोड़ा ने आगे कहा कि निगम द्वारा राज्य के आयातकों निर्यातकों को आधारभूत लॉजिस्टिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आईसीडी भीलवाड़ा की स्थापना वर्ष 1989 में की गई थी। आईसीडी भीलवाड़ा परिसर का क्षेत्रफल लगभग 25,000 वर्गगज क्षेत्र में स्थापित है। इसका उद्घाटन दिनांक 07.12.2000 को माननीय मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत द्वारा किया गया था। वर्ष 2009-10 में कंटेनर निर्यात व्यापार पर्याप्त नही होने एवं कस्टम कोस्ट रिकवरी का लगातार व्यय भार बढ़ने के कारण इस आईसीडी का संचालन बन्द कर दिया गया था। भीलवाड़ा क्षेत्र के निर्यातकों की सुविधा के लिए, गत एक दशक से अधिक समय से बंद पड़े आईसीडी भीलवाड़ा को सुधार कर इसका पुनः संचालन किया जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार के ‘मिशन निर्यातक बनो‘ योजना को दृष्टिगत रखते हुए निगम के संचालक मण्डल द्वारा आई.सी.डी. भीलवाड़ा के पुनर्संचालन का निर्णय लिया गया। इन्फास्ट्रक्चर में सुधार एवं सुविधाओं के नवीनीकरण हेतु वर्ष 2021-22 में आईसीडी भीलवाडा परिसर के अन्दर नई सड़क का निर्माण एवं कार्यालय भवन का नवीनीकरण किया जा चुका है। सड़क निर्माण कार्य एवं अन्य समस्त आवश्यक उपकरण व फर्नीचर इत्यादि आई.सी.डी में स्थापित किये जा चुके हैं। राजसिको के द्वारा आईसीडी भीलवाड़ा के नवीनीकरण कम्प्यूटरीकरण एवं अन्य आधुनिकीकरण का कार्य करवाने हेतु स्वयं के संसाधनों से अब तक लगभग 90 लाख रूपये व्यय किये जा चुकें हैं। सीमा शुल्क विभाग, उदयपुर के अधिकारियों द्वारा इस आईसीडी के संचालन से पूर्व आवश्यक निरीक्षण की कार्यवाही की जा चुकी है तथा इस आईसीडी के हैण्डलिंग एंड ट्रांसपोर्टेशन एजेन्ट में सेवन ओशियन लॉजिस्टिक को कार्य आवंटित करने हेतु कस्टम विभाग से राजसिको को अनुमति भी प्राप्त हो चुकी है। कस्टम विभाग द्वारा राजसिको के आईसीडी भीलवाड़ा के लिए कस्टम स्टाफ का पदस्थापन किया जा चुका है। संचालन से पूर्व की समस्त कार्यवाही निगम द्वारा पूर्ण की जा चुकी है।

राजसिको के बारे मेंः-

दी राजस्थान स्मॉल इस्टस्ट्रीज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (राजसिको) की स्थापना भारतीय कम्पनी अधिनियम 1956 के अधीन 3 जून 1961 को की गयी। राजसिको द्वारा राज्य के हस्तशिल्प दस्तकारों, लघु उद्योग इकाइयों को विपणन सहायता उपलब्ध करवाई जा रही है। राजसिको द्वारा राज्य के निर्यातकों को आईसीडी एवं एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स के माध्यम से स्थानीय स्तर पर सूखे बन्दरगाहों की सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है। निगम द्वारा वर्तमान में जयपुर में एयर कार्गाे कॉम्प्लेक्स एवं जयपुर व जोधपुर में आईसीडी का संचालन किया जा रहा है। बजट घोषणा वर्ष 2022-23 के अन्तर्गत जोधपुर में लगभग रु. 95 करोड़ की लागत से रेल लिंक वाले नवीन एवं विशाल आईसीडी की स्थापना की जा रही है। इसके लिए जोधपुर विकास प्राधिकरण द्वारा भूमि का लगभग 18.65 हेक्टेयर भूमि का आवंटन किया जा चुका है। निर्माण कार्य प्रारंभ किया जाना प्रक्रियाधीन है। इससे जोधपुर क्षेत्र के निर्यातकों द्वारा कम लागत से अन्य देशों को निर्यात किया जा सकेगा। बजट घोषणा वर्ष 2023-24 के अन्तर्गत पचपदरा बाडमेर एवं बीकानेर क्षेत्र के निर्यातकों की सुविधा के लिए बीकानेर एवं पचपदरा (बाड़मेर) में भी शीघ्र एक आईसीडी की स्थापना की जायेगी। इसके लिए भूमि आवंटन प्रक्रियाधीन है।

By Udaipurviews

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