निर्माण जीवन को संवारता है, अहंकार लंका को भी राख कर देता है : प्रशांत अग्रवाल
उदयपुर, 17 सितम्बर। नारायण सेवा संस्थान के अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल के सानिध्य में चल रही ‘अपनों से अपनी बात’ कथा का गुरुवार को विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर समापन हुआ। कथा में शिल्प, कर्म, संयम, सेवा और जीवन में सकारात्मक शक्तियों के सदुपयोग से जुड़े प्रसंगों के माध्यम से जीवनोपयोगी संदेश दिए गए। प्रशांत अग्रवाल ने कहा कि संसार में कोई भी वस्तु अपने आप नहीं बनती। हर निर्माण के पीछे किसी न किसी कारीगर के श्रम, कौशल और समर्पण की भूमिका होती है। इसलिए निर्माण करने वाले हाथों का सम्मान करना ही विश्वकर्मा पूजा का वास्तविक भाव है। उन्होंने विश्वकर्मा जी…
