पेडल टू जंगल के छठे संस्करण का समापन

उदयपुर व्यूज़ | ताजा खबरें

सवा सौ किलोमीटर साइकलिंग का रोमांचक सफर सम्पन्न
उदयपुर, 5 फरवरी। ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए वन विभाग के सहयोग से ग्रीन पीपल सोसायटी, साइक्लोमिनिया तथा बेला बसेरा रिसोर्ट के संयुक्त तत्वावधान में साइकिल पर प्रकृति के त्रिदिवसीय रोमांच पेडल टू जंगल के छठे संस्करण का समापन रविवार को देवगढ़ में हुआ।
कार्यक्रम संयोजक रिटायर्ड सीसीएफ राहुल भटनागर ने बताया पीटीजे-6 के प्रतिभागियों को जंगली पहाड़ी रास्तों में साइकिल चलाने के साथ-साथ अरावली की हसीन वादियों के साथ मेवाड़-मारवाड़ के ऐतिहासिक और धार्मिक स्थलों से रूबरू करवाया गया।
स्मृति चिन्ह व प्रमाण पत्र वितरण
समापन समारोह के तहत सभी प्रतिभागी सुबह साइकिलिंग करते हुए देवगढ़ पहुंचे जहां  मुख्य अतिथि मुख्य वन संरक्षक आर.के.सिंह. विशिष्ठ अतिथि राजसमन्द डीएफओ डॉ.ए.एन.गुप्ता एवं रावत वीरभद्र सिंह ने सफल आयोजन की बधाई देते हुए सभी प्रतिभागियों को मोमेेंटो व सर्टिफिकेट वितरित किये। इस अवसर पर वन विभाग के सहयोग व सराहनीय कार्य के लिए वनपाल राजवीर सिंह, सहायक वनपाल तुलसीराम मीणा व चालक भैरूलाल बावरी को भी सम्मानित किया। प्रतिभागियों ने भी अपने विचार रखे।
10 वर्ष से लेकर 70 वर्ष के संभागी
कार्यक्रम संयोजक भटनागर ने बताया कि इस आयोजन की विशेष बात यह रही कि इसमें 10 वर्षीय बालिका से लेकर 70 वर्षीय प्रतिभागी शामिल रहे। उन्होंने बताया कि इस यात्रा में पांच राज्यों के संभागीय ने हिस्सा लिया और मेवाड़ मारवाड़ की वन संस्कृति से रूबरू हुए।
गोरमघाट से शुरू सफर देवगढ़ में थमा
भटनागर ने बताया इस तीन दिवसीय सफर का शुभारंभ शुक्रवार को कामली घाट से विधायक सुदर्शन सिंह रावत के मुख्य आतिथ्य में हुआ। पहले दिन गोरमघाट भ्रमण कर ऐतिहासिक रेलवे लाईन के ब्रिज को पार करते हुए पाली स्थित रेनिया तालाब पर केम्प किया। दूसरे दिन शनिवार को प्रतिभागी रवाना होकर हलावट राजकीय विद्यालय पहुंचें जहाँ विद्यार्थियों से पर्यावरण विषय पर बात की व प्रतिभागियों ने अपनी ओर से कोस्ट ऑफ एक्टिविटी के तहत् 120 जूतें जोड़ी बच्चों को वितरित किये। यहाँ से प्रतिभागियों ने साइकिल पर सफर करते हुए ऐतिहासिक धार्मिक स्थान माइलीमाता, जाम्बूमाता होते हुए महाराणा प्रताप से जुड़े स्थान दिवेर पहुंच केम्प किया। मार्ग में प्रतिभागियों को इस क्षेत्र के वन्यजीवों व अरावली की वनस्पति के बारें में जानकारी दी गई। दिवेर में प्रताप स्मारक मेराथन ऑफ मेवाड़ पर इतिहासविद् नारायण उपाध्याय ने यहां के ऐतिहासिक महत्व के बारे में अवगत कराया। इस सफर का समापन देवगढ़ में हुआ

By Udaipurviews

Related Posts

error: Content is protected !!