लोकतंत्र रक्षा की कहानी सेनानियों की जुबानी-दलपतसिंह दोशी
रक्षाबंधन पर बहन से मिलने नहीं दिया पुलिस ने ली सुबह चार बजे तक घर की तलाशी उदयपुर। लोकतंत्र के सैनानियों का गुरूवार को उदयपुर में सम्मान किया जायेगा। इसी कड़ी मंे लोकतंत्र सैनानी दलपतसिंह दोशी ने बताया कि 8 अगस्त 1975 की शाम लगभग 7 बजे मैं अपने टाइपिंग सेंटर, सूरजपोल रोड, उदयपुर पर मौजूद नहीं था। मेरी अनुपस्थिति में एक सिपाही आया और मेरे बहनोई से दुकान बंद करवाकर चाबी ले गया। मुझे थाने बुलाया गया, जहां सूरजपोल थाने के सी. आई. महेश चंद्र ने मुझसे संघ से संबंध और काम के बारे में पूछा। मैंने स्पष्ट किया…
