ध्यानोदय तीर्थ पर 11 अक्टूबर को होगा भव्य पंचामृत अभिषेक, रजत वस्त्र और हीरा जड़ित हार-मुकुट से सजेगा दिव्य दरबार
उदयपुर। शारदीय नवरात्रि महापर्व के पावन अवसर पर ध्यानोदय तीर्थ क्षेत्र स्थित श्री सुप्रकाशमति ध्यान केंद्र के इच्छापूर्ण 24 यक्षी जिनालय में इस वर्ष ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन होने जा रहा है। उदयपुर के जैन इतिहास में पहली बार इच्छापूर्ण माँ ज्वाला मालिनी का भव्य पंचामृत अभिषेक एवं दिव्य श्रृंगार किया जाएगा।
आयोजन समिति के अनुसार 11 अक्टूबर, रविवार को प्रातः 7.30 बजे मूलनायक श्री शांतिनाथ भगवान का दिव्य पंचामृत अभिषेक होगा। इसके पश्चात प्रातः 9 बजे इच्छापूर्ण माँ ज्वाला मालिनी का भक्ति एवं श्रद्धा से ओतप्रोत भव्य पंचामृत अभिषेक किया जाएगा।
इस अवसर पर माँ ज्वाला मालिनी का दिव्य रजत वस्त्र एवं हीरा जड़ित हार-मुकुट से मनोहारी श्रृंगार किया जाएगा। आयोजन हुमचा पद्मावती एवं एन.आर. पुरा ज्वाला मालिनी जिनालय की परंपरा की तर्ज पर संपन्न होगा।
धार्मिक मान्यता के अनुसार शारदीय नवरात्रि के अवसर पर युग के प्रथम तीर्थंकर भगवान आदिनाथ के पुत्र भरत जी ने शक्ति की उपासना कर आयुधशाला में दिव्य चक्र रत्न प्राप्त किया था और चक्रवर्ती पद प्राप्त किया था। आयोजन समिति ने समस्त धर्मप्रेमी बंधुओं से सपरिवार पधारकर इस ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन में सहभागी बनने एवं धर्मलाभ लेने का आग्रह किया है।
उदयपुर के जैन इतिहास में पहली बार गूंजेगा माँ ज्वाला मालिनी का जयघोष
