जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक
सौहार्द और सद्भावना के साथ मनाए जाएंगे पर्व
सभी पक्षों ने आपसी समन्वय और भाईचारे को लेकर किया आश्वस्त
उदयपुर, 22 जून। आगामी मोहर्रम, निर्जला एकादशी एवं जगन्नाथ रथयात्रा के मद्देनजर जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक सोमवार को जिला परिषद सभागार में आयोजित हुई। जिला कलक्टर एवं जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में आयोजित बैठक में आगामी पर्वों के दौरान शांति, कानून व्यवस्था एवं आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर (शहर) जितेंद्र ओझा एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश ओझा ने सभी समुदायों एवं नागरिकों से पर्वों को आपसी भाईचारे, सौहार्द एवं सामाजिक समरसता के साथ मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सभी त्योहार जिले की गंगा-जमुनी संस्कृति और सामाजिक एकता के प्रतीक हैं तथा इनके आयोजन में सभी का सहयोग आवश्यक है।
निर्जला एकादशी और मोहर्रम जैसे बड़े पर्व क्रमशः 25 एवं 26 जून को मनाए जाने हैं। वहीं जगन्नाथ रथ 16 जुलाई को निकाली जाएगी। प्रशासन एवं पुलिस अधिकारियों ने दोनों पक्षों से आयोजनों की विस्तृत जानकारी ली। इसमें जुलूस एवं शोभायात्रा के रूटचार्ट, स्वयंसेवकों की नियुक्ति, आयोजनों के दौरान सफाई व्यवस्था आदि के बारे में आवश्यक सहयोग की अपील की। मंदिर समितियों, मोहर्रम कमेटी, अंजुमन इस्लामिया आदि के पदाधिकारियों ने अपनी ओर से महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए प्रशासन और पुलिस ने अपेक्षित व्यवस्थाओं के बारे में अवगत कराया।
एडीएम श्री ओझा ने मोहर्रम एवं जगन्नाथ रथयात्रा के निर्धारित मार्गों पर पेंचवर्क, साफ-सफाई, विद्युत व्यवस्था, पेयजल तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए। वहीं पुलिस प्रशासन की ओर से भी आवश्यक सुरक्षा बंदोबस्त, सीसीटीवी कवरेज आदि की जानकारी दी गई। प्रशासन ने सभी पक्षों से सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की भ्रामक सामग्री के प्रसार से बचने की अपील करते हुए सख्त निगरानी की बात कही।
बैठक में प्रशासन एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि, शांति समिति के सदस्य, मंदिर समितियों एवं मोहर्रम कमेटियों के पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने आगामी आयोजनों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
