-इससे पहले भी घायलों को अस्पताल पहुंचा चुके हैं सांसद
उदयपुर। सांसद डॉ मन्नालाल रावत ने एक बार फिर अपनी सदासयता और कर्तव्य परायणता का उदहारण देते हुए सडक पर घायल पडे आदिवासी युवक को एम्बूलेंस का इंतजार किए बिना अपने वाहन से उदयपुर में महाराणा भूपाल चिकित्सालय लेकर आए और उसका इलाज शुरु करवाया। गंभीर घायल व्यक्ति को समय पर इलाज मिलने से काफी राहत मिली।
सांसद डॉ रावत आसपुर के दौरे पर गए थे। वहां से लौटते वक्त शाम को पिलादर महूडी से केवडा की नाल के बीच डाकपलटा के समीप एक युवक सडक पर गंभीर घायल अवस्था में पडा था। उसके चारो ओर भीड जमा थी। सांसद डॉ रावत ने वाहन से उतरकर पता किया तो बताया गया कि कार की टक्कर से मोटरसाइकिल सवार गंभीर घायल हो गया। सांसद ने उससे जानकारी ली तो उसने अपना नाम नवलराम पुत्र पूंजा मीणा निवासी सदकडी बताया। घायल अवस्था के कारण वह ज्यादा जानकारी नहीं दे पा रहा था। लोगों ने बताया कि एम्बूलेंस को फोन किया है, लेकिन आने में समय लगेगा। सांसद डॉ रावत ने कहा कि एम्बूलेंस के आते-आते तो घायल की तबीयत ज्यादा बिगड सकती है इसलिए उन्होंने अपने वाहन से उसको अस्पताल ले जाने का फैसला किया। अपने गार्ड और लोगों की मदद से घायल को उन्होंने अपने वाहन में लेटाया और उदयपुर के महाराणा भूपाल अस्पताल लेकर पहुंचे। इससे पूर्व उन्होंने अस्पताल के चिकित्साधिकारियों को सूचना भी दे दी, जिससे मरीज को तत्काल इलाज सुलभ हो गया। उल्लेखनीय है कि सांसद डॉ रावत इससे पूर्व भी तीन बार सडक पर घायल पडे लोगों को अपने वाहन से अस्पताल पहुंचा चुके हैं, जिससे घायलों को समय पर इलाज मुहैया हुआ।
सांसद डॉ रावत को ग्रामीणों ने बताया कि उदयपुर-जयसमंद मेगा हाइवे पर सलूंबर जिले की सीमा के अंतिम छोर केवडा की नाल से लेकर पिलादर महुडी तक सडक हादसे में घायल लोगों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 एम्बूलेंस उपलब्ध नहीं है। 40-45 किलोमीटर के इस हिस्से में दुर्घटना होने पर घायलों को पुलिस वाहन या निजी वाहनों से अस्पताल पहुंचाना पडता है। इस समस्या का सांसद डॉ रावत ने जल्दी समाधान करवाने का आश्वासन दिया।
कार की टक्कर से घायल आदिवासी युवक को सांसद डॉ रावत अपने वाहन से अस्पताल लेकर पहुंचे, तत्काल इलाज मिला
