वृन्दावन गोवर्धन जैसा आनन्द होगा उदयपुर मे
शहर से मन्दिर तक निशुल्क होगी बस सेवा
उदयपुर, चिरवा,मोहनपुरा स्थित अरावली पर्वत की चोटी पर बसा इस्कॉन कोवे मंदिर इस वर्ष अत्यंत अनोखे ढंग से दो दिवसीय श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव के लिए सजाया जा रहा है। चारों ओर अरावली घाटियों से घिरा होने के कारण यह मंदिर साक्षात् वृन्दावन गोवर्धन का अनूठा आभास कराता है।प्रोजेक्ट डाइरेक्टर मदन गोविंद प्रभु ने बताया कि
4 सितम्बर को सायंकाल 5 बजे से वृन्दावन और गुड़गांव से पधारे मधुमंगल प्रभु एंव असित प्रभु के श्रीमुख से प्रथम हरिनाम संकीर्तन,जन्मोत्सव की कथा पश्चात श्री श्री राधाबिहारी जी का पंचामृत एवं पुष्प अभिषेक होगा।
युगल सरकार का विशेष झूला उत्सव, मंदिर परिसर में स्थित गोवर्धन की परिक्रमा। भक्तो के हाथो से निर्मित भगवान को 1008 प्रकार के व्यंजनों का महा-भोग अर्पण करेगें।
सांस्कृतिक कार्यक्रम मे रविवारीय स्कूल के बच्चों द्वारा श्री कृष्ण के मनमोहक नाटक एवं नृत्य प्रस्तुति की जाएगी
विशेष आकर्षण – गौरांगस बैंड होगा। जिसमे युवा कीर्तन बैंड द्वारा पूरे पर्वत को हरे कृष्ण महामंत्र से गुंजायमान किया जाएगा। मध्यरात्रि में महा आरती एवं सभी के लिए विशाल प्रसादम की व्यवस्था होगी।
निशुल्क बस सेवा:- सायंकाल 4 बजे से प्रथम बस- उदयपुर शहर के उदयपोल – सूरजपोल – दिल्ली गेट – चेटक – सुखाडिया सर्कल – भुवाणा सुखेर तथा द्वितीय बस हिरण मगरी सेक्टर 3-4-5-6-11से प्रताप नगर – न्यू आर टी ओ रोड – भुवाणा सर्कल – सुखेर होती हुई इस्काॅन कोवे मन्दिर पहुँचेगी। इसी क्रम से पुन: वापस जायेगी। पार्किंग की सुविधा पहाड़ी के नीचे मैन रोड पर लाभगढ पैलेस रिसोर्ट मे रहेगी। जहां से ऊपर मन्दिर तक के लिए भी छोटी गाड़ी से पिक और ड्राप की सुविधा की गई है।मैन रोड से मन्दिर तक हिल्स वाली स्ट्रीट लाइटों से पहाड़िया जगमगायेगी।पूरे मार्ग मे पक्की डामर रोड बनी होने से निजी वाहन सीधे मन्दिर तक जा सकेगें।
5 सितम्बर को नन्दोत्सव एंव इस्काॅन संस्थापक आचार्य श्रील प्रभुपाद की व्यास पूजा एंव पंचामृत पुष्पाभिषेक करेगें।
