उदयपुर। घोर तपस्वी केशुलाल जी म. सा. की 113 वीं जन्म जयंती पर केशवधाम महावीर भवन भूपालपुरा में गुणानुवाद सभा मनाई गई। केशवधाम सेवा संस्थान के अध्यक्ष महेश बम्ब ने बताया की इस अवसर पर श्रमण संघ प्रवर्तक पूज्य डॉ राजेंद्र मुनि जी म. सा., शासन प्रभावक युवा मनिषि चैतन्य मुनि जी म. सा. एवं केवल्य मुनि जी म. सा., श्रमण संघीय वसुधा जी म. सा. एवं विजेता जी म. सा., शीतल जी म.सा. एवं श्रुति जी म.सा. का सानिध्य एवं आशीर्वचन प्राप्त हुआ।
इस अवसर पर साध्वी श्रुति जी म. सा. ने फ़रमाया कि परम पूज्य केशुलाल जी म. सा. ने जिन शासन की प्रभावना करते हुए समता एवं तप कि ऐसी अमिट छाप लोगो के मन पर छोड़ी कि आज भी वे तप सम्राट के नाम से जाने जाते हैं। उनकी प्रेरणा से अनेक तप, दान, जीव दया के प्रकल्प निरंतर चल रहे है। वे एक वचन सिद्ध संत थे।
साध्वी वसुधा जी म. सा. ने बताया की पूज्य म. सा. के तप, त्याग एवं समता की भावना से इस केशवधाम की भूमि में इतनी ऊर्जा हैं की यह स्थान एक तीर्थ धाम बन गया हैं। सभा में मूर्ति पूजक संघ के केवल्य मुनि जी म. सा. ने फ़रमाया की पूज्य केशुलाल जी म. सा. का व्यक्तित्व इतना विराट था की उसको कुछ घंटो में समझाना असंभव हैं। उन्होंने बताया की दुनिया आपको आपके जाने के पश्चात भी याद रखे उसके लिए दो तरीके हैं प्रथम तो आप कुछ लिख कर जायें, जिसे लोग पढ़े और दूसरा आप कुछ ऐसा करे की बाद वाले लोग आप पर लिखे।
मीडिया प्रभारी सम्पत बापना ने बताया कि सभा को सबोधित करते हुए राजेंद्र मुनि जी म. सा. ने फ़रमाया की भारतीय परंपरा में गुरु को भी तीर्थ माना हैं, गुरुदेव उनका जीवन सादा एवं विचार उच्च कोटि के थे। गरीब, अमीर, जैन, अजैन सभी सम्प्रदाय के लोग उनके दर्शन एवं आशिर्वाद हेतु आते थे। ऐसी महान आत्मा ने 58 वर्ष तक बेले-बेले की निरंतर कठिन तपस्या करते हुए 17 बार मास खमण एवं अन्य तपस्या भी की जो कुल 40 वर्ष काउंट होते हैं।
स्थानकवासी संघ अध्यक्ष नरेंद्र चौधरी ने बताया की समारोह के अध्यक्ष डॉ. बी एस बम्ब, विशिष्ट अतिथि आर के जैन, नाकोड़ा ज्योतिषाचार्य कांतिलाल जैन, डॉ. रेवंत सिंघवी, अशोक सिंघवी सुन्दर ज्वेलर्स रहे। गौतम प्रसादी के लाभार्थी शोभा सामर, राजेंद्र सामर का उपरना ओढ़ा कर सुनील बापना द्वारा बहुमान किया गया। कार्यक्रम के अर्थ सहयोगी ललित कोठारी C A , महेंद्र वर्डिया, बलवंत कुमार जैन, ललित पगारिया, संजय सियाल, अशोक मादरेचा, विवेक छाजेड, भंवर लाल भाणावत, राजेंद्र नलवाया, मनीला नाचानी, दिनेश चंडालिया, सुजाता खमेसरा, सुधा खाब्या, अनीता पोरवाल, चांदमल संचेती, देवेंद्र धन्नावत, भोपाल सिंह कोठारी, दौलत सिंह खमेसरा, भंवर लाल सामर, दीपक जैन का उपरना ओढ़ा कर सम्मान किया गया। कार्यक्रम का संचालन हिम्मत रांका ने किया। कार्यक्रम में भक्ति भजन प्रस्तुति जीतेन्द्र गन्धर्व एवं उनकी टीम द्वारा दी गयी।
संस्थान के निदेशक विवेक छाजेड़ ने बताया की जन्म जयंती के अवसर पर आशाधाम में जाकर वहा के लगभग 300 रहवासियों को केशव भक्तो द्वारा आदर पूर्वक गौतम प्रसाद कराया गया। कार्यक्रम में शैलेश मारु, जिनेन्द्र बापना, संदीप कंठालिया, प्रवीण बम्ब , यशवंत तलेसरा, अशोक बापना, कल्पेश पगारिया, मनीष छाजेड़, इन्दरसिंह हिंगड़, नरेंद्र दोषी, कमलेश बम्ब, राजेश तोषनीवाल, गौतम बोकड़िया, कमल सामर, नम्रता भंडारी आदि अनेक गुरु भक्तो ने सेवाएं दी।
तपस्वी केशुलालजी म. सा. 113 वां जन्म जयंती समारोह एवं गुणानुवाद सभा सम्पन्न
