नवरात्रा अनुष्ठान सम्पन्न रामनवमी व आचार्य मिश्र अभिनिष्क्रमण दिवस मनाया

उदयपुर। युगप्रधान आचार्य महाश्रमण के आज्ञानुवर्ती शासन श्री मुनि सुरेश कुमार के सान्निध्य में डायमंड कॉम्पलेक्स स्थित सुख विला में चैत्री नवरात्रा अनुष्ठान का नौ दिवसीय आयोजन सम्पन्न हुआ। मुनि सम्बोध कुमार ‘मेधांश’ के मुनि सिद्धप्रज्ञ के निर्देशन में प्रतिदिन प्रातः 6:30-7:30 बजे व रात्री 8:15 बजे नवरात्रा अनुष्ठान क्रम में दुम्मपुषिकीया, व चंदेसुनिमलयरा, के साथ उपर्सगहर स्तोत्र व विघ्नहरण का जय हुआ।
वहीं अनुष्ठान के अंतिम दिन राम नवमी व आचार्य भिक्षु अभिनिष्क्र‌मण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुनि सुरेश कुमार ने कहा- महापुरुषत्व सौभाग्य से नहीं भीष्म प्रतिज्ञामय पुरुषार्थ से जन्म लेता है। राम व्यक्ति नहीं विचार है, विचार की मृत्यु नहीं होती, विचार अमरत्व को समर्पित होता है। उन्होंने आचार्य भिक्षु अभिनिष्क्रमण दिवस पर कहा- आचार्य भिक्षु में अतुल्य श्रद्धा थी। उन्होने श्रद्धा और तर्क के बल पर संतत्व को महियामय बनाया।
मुनि सम्बोध कुमार ‘मेघांश’ ने  कहा-राम रवाली होना सीखाते हैं। जब राम-राम कहे तो चेतना को खाली कर लो। आर्क सिने अभिनिष्क्रमण और पलायन में फर्क है। अभिनिष्क्रमण उद्देश्यों को सलामी देता है। पलायन जिम्मेदारियों से भागना सिखाता है।
मुनि सिद्धप्रज्ञ ने कहा- सत्य परेशान हो सकता है परास्त नहीं हो सकता राम और भिक्षु सत्यपथ पर एक मय हो जाते हैं। थली परिषद् ने सामूहिक गीत का संगान किया
महाश्रमण दीक्षा कल्याणक पर की सामायिक साधना- अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के निर्देशन में तेरापंथ महिला मंडल उदयपुर के तत्वावधान में मुनि सुरेश कुमार के सान्निध्य में सामूहिक साधना की। मंडल अध्यक्षा सीमा बाबेल ने बताया कि बद दिन भर में 111 श्रावक-श्राविकाओं ने सामायिक साधना की।
By Udaipurviews

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