उदयपुर। आईआईएम उदयपुर ने एकेडमिक ईयर 2023-24 के लिए एक वर्षीय एमबीए ग्लोबल सप्लाई चेन मैनेजमेंट जीएससीएम कार्यक्रम और एमबीए डिजिटल एंटरप्राइज मैनेजमेंट डीईएम बैच की शुरूआत की है। दोनों पाठ्यक्रमों में पिछले बैचों की तुलना में 20 प्रतिशत सीटों में इजाफा किया है।
एमबीए ग्लोबल सप्लाई चेन का 11वां और एमबीए डिजिटल एंटरप्राइज का चौथा बैच है। आईआईएम डायरेक्टर प्रो. अशोक बनर्जी ने बताया इस सत्र के लिए कुल 116 छात्रों ने एक वर्षीय एमबीए प्रोग्राम में दाखिला लिया है। इनमें से 18 प्रतिशत छात्राएं हैं। ग्लोबल सप्लाई चेन मैनेजमेट,जीएससीएम में एमबीए प्रोग्राम में 55 छात्र हैं जबकि डिजिटल एंटरप्राइज मैनेजमेंट, डीईएम में 61 छात्रों ने प्रवेश लिया है। एक वर्षीय एमबीए प्रोग्राम बैच में विभिन्न औद्योगिक पृष्ठभूमि के अनुभव के साथ छात्रों ने दाखिला लिया है।
इन क्षेत्रों में अनुभवी छात्रों ने लिया दाखिला
कार्यक्रम में ऐसे छात्र भी हैं जो पहले कृषि, ऑटोमोबाइल, बैंकिंग और वित्त, परामर्श और आईटी सेवाएं, एजुकेशन, रिटेल, सरकारी परामर्श जैसे उद्योगों में काम कर चुके हैं। साथ ही आईटी और एनालिटिक्स सर्विसेज, मैनेजमेंट कंसल्टिंग, मैन्युफैक्चरिंग, मार्केटिंग, मीडिया एंड एंटरटेनमेंट, ऑयल एंड एनर्जी, पब्लिशिंग, रियल एस्टेट और सोशल सर्विस का अनुभव रखने वाले विद्यार्थी भी इस बैच में हैं।
आगे बढ़ने के लिए डिजिटल परिवर्तन आवश्यक
टाटा डिजिटल के चीफ एक्जीक्यूटिव ऑफिसर प्रतीक पाल ने कहा कि आज की कारोबारी दुनिया में न केवल जीवित रहने के लिए, बल्कि तेजी से आगे बढ़ने के लिए डिजिटल परिवर्तन आवश्यक है। डिजिटल परिवर्तन को अपनाने वाले उद्योग और स्टार्टअप अपने अस्तित्व को कायम रखने में कामयाब हो रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि डिजिटल फर्स्ट कंपनी बनने के लिए बेहद जरूरी है कि आपकी विरासत और संस्कृति भी ऐसी हो और दीर्घकालिक धैर्य के साथ—साथ आप इनोवेशन के लिए भी तैयार रहें।
आईआईएम उदयपुर : एमबीए कोर्स की 20 फीसदी सीटें बढ़ी
