उदयपुर। घुटना प्रत्यारोपण में आधुनिक रोबोटिक तकनीक के उपयोग एवं मरीजों को मिलने वाले लाभों को लेकर उदयपुर में विशेष सीएमई का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में अहमदाबाद पारेख्स हॉस्पिटल के वरिष्ठ रोबोटिक सर्जन डॉ. विनय पाराशर ने घुटना प्रत्यारोपण में अपनाई जा रही नवीन तकनीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। सीएमई में कई वरिष्ठ फिजियोथेरेपिस्ट मौजूद थे l
कार्यक्रम का समन्वय डॉ. बलदीप शर्मा, वरिष्ठ फिजियोथेरेपिस्ट, उदयपुर द्वारा किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. विनय पाराशर के डॉ. बलदीप शर्मा एवं फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. कुणाल कालरा द्वारा अभिनंदन एवं सम्मान के साथ हुई।
इसके बाद डॉ. विनय पाराशर ने रोबोटिक तकनीक से होने वाले घुटना प्रत्यारोपण की प्रक्रिया एवं इसमें उपयोग होने वाली आधुनिक तकनीक के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने बताया कि आधुनिक रोबोटिक तकनीक का उद्देश्य शल्य चिकित्सा में अधिक सटीकता प्राप्त करना और मरीज के उपचार एवं पुनर्वास की प्रक्रिया को बेहतर बनाना है। उन्होंने लंबे समय से घुटने के दर्द से परेशान मरीजों के लिए घुटना प्रत्यारोपण के आधुनिक विकल्पों पर भी चर्चा की।
सीएमई में उदयपुर के अनेक वरिष्ठ फिजियोथेरेपिस्ट उपस्थित रहे। डॉ. प्रियंका जैन, डॉ. ज्योति जैन, डॉ. चारुमति सोनी, डॉ. कुणाल कालरा और डॉ. अंकित उपाध्याय सहित अन्य ने कार्यक्रम में भाग लिया। प्रतिभागियों ने रोबोटिक घुटना प्रत्यारोपण की तकनीक, इसकी कार्यप्रणाली तथा सर्जरी के बाद मरीज के पुनर्वास में फिजियोथेरेपी की भूमिका के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की।
कार्यक्रम के समापन पर डॉ. बलदीप शर्मा ने डॉ. विनय पाराशर एवं पारेख्स हॉस्पिटल
की पूरी टीम का विशेष आभार व्यक्त किया। तथा भविष्य में उदयपुर में चिकित्सा क्षेत्र के ज्ञान एवं कौशल को बढ़ावा देने वाले ऐसे और भी सीएमई आयोजित होने की उम्मीद व्यक्त की।
