मूल्यों संस्कारों के वाहक है गुरू – कर्नल प्रो. एस.एस. सारंगदेवोत
गुरुब्र्रह्मा गुरुर्विष्णु गुरुर्देवो महेश्वरः। गुरुर्साक्षात् परब्रह्म तस्मै श्रीगुरुवेनमः।। गुरू बिन ज्ञान ना उपजै, गुरू बिन मिले न मौक्ष ..... गुरू ज्ञान ही नहीं, जिने का तरीका सीखाते है ........ विद्यापीठ - गुरूओं का किया सम्मान उदयपुर 10 जुलाई/ गुरू पुर्णिमा के पावन पर्व पर गुरूवार को राजस्थान विद्यापीठ विश्वविद्यालय के संघटक लोकमान्य तिलक प्रशिक्षण महाविद्यालय के सभागार में आयोजित गुरू सम्मान समारोह की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. एस.एस. सारंगदेवोत ने कहा कि मूल्यों व संस्कारों के वाहन है गुरू इसलिए गुरू के प्रति नतमस्तक होकर कृतज्ञता व्यक्त करने का दिन है गुरू पुर्णिमा। गुरू ज्ञान ही नहीं , जीने…
