एम बी कॉलेज पूर्व छात्र परिषद में लेखक से मिलिए कार्यक्रम के अंतर्गत डॉ महीप भटनागर की पुस्तक पर विस्तृत चर्चा

उदयपुर में सक्रिय मस्तिष्क सक्रिय मन पुस्तक पर चर्चा कार्यक्रम
उदयपुर 24 मई
एम बी कॉलेज पूर्व छात्र परिषद की ओर से कॉलेज के विवेकानंद सभागार में  *”सक्रिय मस्तिष्क सक्रिय मन”* पुस्तक के लेखक से मिलिए कार्यक्रम का आयोजन हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व कुलपति प्रोफेसर इंद्र वर्धन त्रिवेदी ने की ।
अपनी पुस्तक का विवरण करते हुए डॉ महीप भटनागर ने बताया कि एक प्रसिद्ध तंत्रिका वैज्ञानिक ने मस्तिष्क के बारे में कहा था, “Use it or lose it”।  यह ठीक वैसा ही है जैसे मांसपेशियों को मजबूत रखने के लिए  व्यायाम जरूरी हैं  उसी प्रकार, हमारे मस्तिष्क को स्वस्थ रखने के लिए भी विशेष व्यायामों की आवश्यकता होती है। एक उम्र के बाद हम अपने जानकारों के नाम, फोन नंबर, अखबार या पुस्तक में पढ़े अंशों को याद रखने, तथा चश्मा, पर्स आदि के स्थान को भूलने लगते हैं। कई बार हाल ही में मिले व्यक्ति का चेहरा या नाम भी याद नहीं रहता। चिकित्सीय दृष्टि से यह भूलने की स्थिति डिमेंशिया या अल्जाइमर रोग की शुरुआत हो सकती है।
आज की परिस्थिति में हम गुणा-भाग, फोन नंबर या दस अंकों की कोई संख्या याद रखने में असमर्थ हो गए हैं। इसके बजाय कैलकुलेटर, मोबाइल या लैपटॉप का सहारा लेते हैं। मित्र का फोन नंबर याद न आने पर मोबाइल के कॉन्टैक्ट्स में खोजते हैं। पहले ये सारी बातें हमारे मस्तिष्क में सुरक्षित रहती थीं। पहले यह भूलने की समस्या केवल बुजुर्गों में ही देखी जाती थी, लेकिन अब बच्चे और युवा भी इससे प्रभावित हो रहे हैं।
इस पुस्तक के लेखक डॉ. महीप भटनागर का परिचय देते हुए प्रोफेसर विमल शर्मा ने बताया कि डॉ भटनागर सुखाड़िया विश्वविद्यालय  की विज्ञान संकाय के अधिष्ठाता एवं प्राणीशास्त्र विभागाध्यक्ष पद से सेवानिवृत्त डॉ भटनागर एक तंत्रिका वैज्ञानिक हैं तथा करीब चालीस वर्षों के उनके मस्तिष्क के विकास, कार्यों, लर्निंग एवं मेमोरी पर शोध के परिणामस्वरूप उन्होंने यह पुस्तक लिखी है। यह सभी वर्गों के लिए उपयोगी है। इसमें मस्तिष्क की क्षमताओं को बढ़ाने वाले व्यायामों पर विस्तृत चर्चा है। विशेष रूप से मस्तिष्क की संरचना और कार्यप्रणाली को बहुत सरल भाषा में समझाया गया है। इसके साथ ही मस्तिष्क के लिए उपयोगी संतुलित भोजन, तथा इसे सक्रिय रखने वाली क्रियाओं, खेलों और व्यायामों पर भी विस्तार से बताया गया है। न केवल युवा, बल्कि वरिष्ठ नागरिक भी इससे लाभान्वित होंगे।
समारोह में विशिष्ट अतिथि कवित्री शकुंतला सरूपरिया, महा सचिव शांति लाल भंडारी मंचासीन रहे, 75 सदस्यों की उपस्थिति में आयोजित कार्यक्रम का संचालन सचिव डॉ आर के गर्ग ने किया एवं पुस्तक टोकन मनी लेकर उपलब्ध कराई गई।
By Udaipurviews

Related Posts

error: Content is protected !!