—’कुलपति बर्खास्त करो’ नारों से गूंजा प्रशासनिक भवन, छात्रों ने बांधी काली पट्टी
उदयपुर, 22 सितम्बर: मोहनलाल सुखाड़िया यूनिवर्सिटी में कुलपति प्रो. सुनीता मिश्रा के खिलाफ छात्रों का विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है। सोमवार को एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने प्रशासनिक भवन के बाहर अनोखे तरीके से प्रदर्शन करते हुए सफाई अभियान चलाया।
सुबह से ही बड़ी संख्या में छात्र प्रशासनिक भवन के बाहर एकत्रित हुए। उन्होंने सीढ़ियों पर रखे गमलों को व्यवस्थित किया, जमी हुई मिट्टी व कचरे को झाड़ू से साफ किया और आसपास रखे पत्थरों को हटाया। इसके बाद सभी कार्यकर्ता आंखों पर काली पट्टी बांधकर सीढ़ियों पर बैठ गए और नारेबाजी शुरू की। ‘कुलपति को बर्खास्त करो’, ‘कुलपति मुर्दाबाद’ जैसे नारों से माहौल गूंज उठा।
एबीवीपी महानगर मंत्री पुष्पेंद्र सिंह राठौड़ ने कहा कि कुलपति का औरंगजेब को कुशल शासक बताने वाला बयान न केवल गलत है, बल्कि मेवाड़ की वीर परंपरा का अपमान भी है। उन्होंने कहा कि कुलपति को इतिहास का ज्ञान नहीं है, इसलिए इस पद पर बने रहना अनुचित है। जब तक कुलपति को बर्खास्त नहीं किया जाता, आंदोलन जारी रहेगा।
प्रदर्शन के दौरान कुलदीप सिंह, त्रिभुवन सिंह, पार्थ दीक्षित, चिराग दायमा, अंशुमान सिंह और चिराग तिवारी सहित कई छात्र मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि यह विरोध केवल बयानबाजी का नहीं बल्कि सांस्कृतिक और ऐतिहासिक अस्मिता से जुड़ा हुआ है।
इधर, कुलपति के खिलाफ शिकायतों की जांच के लिए राजभवन के निर्देश पर 6 दिन पहले एक चार सदस्यीय समिति गठित की गई थी। संभागीय आयुक्त प्रज्ञा केवल रमानी की अध्यक्षता वाली यह समिति मामले की विस्तृत जांच कर रही है। सूत्रों के अनुसार, टीम जल्द ही अपनी रिपोर्ट राज्यपाल को सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय होगी।
छात्रों का कहना है कि यदि जांच में देरी होती है तो आंदोलन और उग्र रूप ले सकता है। एबीवीपी ने साफ किया कि यह विरोध सिर्फ प्रतीकात्मक नहीं है, बल्कि कुलपति के पद से हटने तक जारी रहेगा।
