प्रतापगढ़,11 मई। जिला मुख्यालय, प्रतापगढ़ के आस पास 05 किमी परिधि के राजस्व ग्रामों अंतर्गत हुए कृषि भूमि आवंटन के संबंध में विविध स्तरों से प्राप्त शिकायतों के संबंध में जिला कलक्टर द्वारा संज्ञान लेते हुए अतिरिक जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में राजस्व विधियों की जानकारी रखने वाली एक जांच कमेटी का गठन किया गया था। जिसके द्वारा तहसील क्षेत्र प्रतापगढ़ में विगत 3 वर्षों में हुए समस्त कृषि भूमि आवंटन प्रकरणों की जांच करते हुए जांच प्रतिवेदन जिला कलक्टर को सौंपा गया था। जिसमे कमेटी द्वारा कुल 387 कृषि भूमि आवंटन में 202.88 हेक्टर अर्थात् लगभग 1015 बीघा राजकीय बिलानाम भूमियों के प्रक्रियात्मक एवम तकनीकी आधारों पर अवैध आवंटन होना बताया।
इस संबंध में जिला कलक्टर द्वारा राज्य सरकारों को प्रेषित रिपोर्ट पर राज्य सरकार द्वारा जिला कलेक्टर द्वारा प्रेषित जांच रिपोर्ट की प्रशंसा के साथ संतुष्ट होते हुए ऐसे समस्त आवंटनों को कानूनी प्रक्रिया से निरस्ती की कार्यवाही के साथ आवंटन में संलिप्त सभी अधिकारियों कार्मिकों के खिलाफ़ ठोस कार्यवाही करने हेतु 16 सीसीए के तहत प्रस्ताव मांगे गए, जिस पर जिला कलक्टर द्वारा अवगत कराए अनुसार समस्त अवैध भूमि आवंटनों की निरस्ती हेतु तहसीलदार प्रतापगढ़ की लिखा जाकर 14(4) एवं रेफरेंस प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए हैं तथा आवंटन में संलिप्त 2 आरएएस अधिकारी, दो तहसीलदार, दो विकास अधिकारी एवं 5 गिरदावर सहित 6 पटवारियों के खिलाफ़ 16 सीसीए की कार्यवाही अनुशंसा पत्र प्रमुख शासन सचिव राजस्व एवं पंचायती राज विभाग तथा अध्यक्ष राजस्व मंडल अजमेर को प्रेषित किया गया है।
