उदयपुर 27 मार्च। संभागीय आयुक्त राजेंद्र भट्ट ने उदयपुर में 1 से 3 अप्रैल तक आयोजित होने वाले विशाल योग महोत्सव की प्रचार सामग्री का सोमवार को विमोचन किया। इस मौके पर अपने संदेश में भट्ट ने कहा कि तनाव अरे इस युग में योग से ही सुखद और निरोगी जीवन के साथ साथ तनावमुक्त दिनचर्या की सौगात प्राप्त की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि उदयपुर में आयोजित होने वाला योग महोत्सव इस मायने में भी अनूठा है कि इसमें प्रतिदिन विभिन्न रोगों के निवारण के लिए योग प्राणायाम और मुद्राओं का अभ्यास कराया जाएगा । उन्होंने उदयपुरवासियों को केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय, हार्टफुलनेस संस्थान श्री राम चंद्र मिशन और सुखाडि़या विश्वविद्यालय की इस संयुक्त पहल का पूरा पूरा लाभ उठाने की अपील की है इस मौके पर योग समन्वयक आर ए एस मुकेश कुमार ने संभागीय आयुक्त को एमबी कॉलेज ग्राउंड में आयोजित होने वाले तीन दिवसीय योग महोत्सव की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी।
इंदिरा गांधी शहरी क्रेडिट कार्ड योजना – 50 हजार के ब्याज मुक्त ऋण से चुन्नीलाल को मिला संबल
उदयपुर 27 मार्च। मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा स्ट्रीट वेंडर तथा सर्विस सेक्टर के युवाओं को स्वरोजगार प्रदान करने के लिए इंदिरा गांधी शहरी क्रेडिट कार्ड योजना लागू की गई है। योजना के माध्यम से स्ट्रीट वेंडर्स तथा अनौपचारिक क्षेत्र में आवश्यक सेवाएं उपलब्ध करवाने वाले लोगों को 50 हजार रुपए तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध करवाया जा रहा है। योजना से उदयपुर के भी छोटे व्यवसायी लाभान्वित हुए हैं और ऋण प्राप्त कर अपने काम को आगे बढ़ा पा रहे हैं।
चुन्नी लाल को मिला 50 हजार का ऋण
उदयपुर नगर निगम क्षेत्र के निवासी चुन्नीलाल एक स्ट्रीट वेंडर के रूप में शिव शक्ति सोडा शिकंजी सेंटर के नाम से अपना ठेला लगाते हैं। यहाँ वह ऑरेंज, लेमन सोडा, काला खट्टा, मसाला सोडा, नींबु पानी और नींबू सोडा नमकीन सहित अन्य पेय पदार्थों की सेवा प्रदान करते हैं।
जब उन्हें पता चला कि राज्य सरकार द्वारा इंदिरा गांधी शहरी क्रेडिट कार्ड योजना लागू की गई है तो वह तुरंत नगर निगम पहुंचे और योजना के तहत ऋण हेतु आवेदन किया। उनका आवेदन स्वीकृत कर निगम से कैनरा बेंक भेजा गया जहां से 50 हजार रुपए का ब्याज मुक्त ऋण एक वर्ष के लिए स्वीकृत हो गया। चुन्नी लाल का कहना है कि अब वे इस ऋण का उपयोग करते हुए अपने व्यापार का विस्तार करेंगे और इससे उसकी आमदनी में वृद्धि होगी। उन्हें 50 हजार के ब्याज मुक्त ऋण से काफी संबल मिला है और इसके लिए वे राज्य सरकार के आभारी हैं।
इस श्रेणी के व्यक्तियों को मिलता है लाभ
योजना का लक्ष्य स्ट्रीट वेंडर्स, अनौपचारिक क्षेत्र में आवश्यक सेवाएं उपलब्ध करवाने वाले लोग जैसे हेयर ड्रेसर, रिक्शावाला, कुम्हार, खाती, मोची, दर्जी इत्यादि एवं बेरोजगार युवाओं को आर्थिक संबल देकर पुनर्स्थापित करना है। योजना के तहत अनौपचारिक व्यापार क्षेत्र में काम करने वाले 5 लाख लाभार्थियों को इस योजना का फायदा मिलेगा। ऋण 1 वर्ष की अवधि के लिए उपलब्ध कराया जाता है तथा ऋण के मोरेटोरियम की अवधि तीन माह तथा ऋण पुनर्भुगतान की अवधि मोरेटोरियम के पश्चात 12 माह की है।
संभागीय आयुक्त राजेंद्र भट्ट ने किया योग महोत्सव की प्रचार सामग्री का विमोचन
