उदयपुर 22 सितंबर। सर्वोच्च न्यायालय द्वारा प्रदत्त निर्देशों की पालना में असंगठित श्रमिकों के पंजीयन के लिए श्रम एवं रोजगार मंत्रालय भारत सरकार द्वारा पोर्टल पर ई-श्रम कार्ड की शुरुआत कर प्रत्येक जिले के लिये पंजीयन के लक्ष्य निर्धारित किये गये थे।
जिले के संयुक्त श्रम आयुक्त संकेत मोदी ने बताया कि पोर्टल देश में असंगठित कामगारों का एक व्यापक राष्ट्रीय डेटाबेस बनाने में मदद करेगा। उन्होंने बताया कि पंजीकरण पूरी तरह से निःशुल्क है। यह न केवल उन्हे पंजीकृत करेगा, बल्कि केन्द्र और राज्य सरकारों द्वारा लागू की जा रही विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाओं को पूरा करने में भी मददगार होगा। इस प्रकार असंगठित श्रमिक की श्रेणी में मुख्यतः निर्माण श्रमिक, नरेगा श्रमिक, स्ट्रीट वेण्डर, रिक्शा चालक, ऑटो चालक, घरेलू श्रमिक, कुली, पल्लेदार, मिड डे मील श्रमिक, कोरियर सेवा, कृषि मजदूर, पशुपालन मजदूरी, नाई, सब्जी विक्रेता, समाचार पत्र विक्रेता, गाईड/नेचर गाईड, आशा सहयोगिनी, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता आदि सम्मिलित है।
यह श्रमिक अपना ऑनलाईन पंजीयन बैंक पासबुक, आधार कार्ड एवं मोबाइल के साथ स्वयं अपने स्तर से अथवा अपने नजदीकी नागरिक सेवा केन्द्र के माध्यम से निःशुल्क करवा सकते हैं। पंजीयन के बाद श्रमिकों को ई श्रम कार्ड जारी किया जाएगा। जिसमें उन्हंे 12 अंको का विशेष कोड दिया जाएगा, जिससे श्रमिक की पहचान होगी तथा इसी कार्ड से श्रमिकों को सरकार की योजनाओं का लाभ दिया जाएगा। इसी क्रम में उदयपुर जिले में आदिनांक तक 3,24,116 असंगठित श्रमिकों का पंजीयन किया जा चुका है।
असंगठित श्रमिकों के ई-श्रम कार्ड में पंजीयन के लिए आवश्यक निर्देश जारी
