उदयपुर। राजस्थान फार्मासिस्ट कर्मचारी संघ (एकी.) के प्रदेश व्यापी आह्वान पर उदयपुर फार्मासिस्ट कर्मचारी संघ के नेतृत्व में फार्मासिस्ट संवर्ग की सात सूत्रीय मांगों को लेकर शुक्रवार को 11 बजे से 2 बजे तक मेडिकल कॉलेज गेट पर अनवरत धरना प्रदर्शन करने के साथ ही आरएनटी मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य तथा एमबी चिकित्सालय अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा।
विजेन्द्र सिंह राठौड़ ने बताया कि फार्मासिस्ट संवर्ग की प्रमुख मांगों नर्सिंग संवर्ग के समान मैस भत्ता, हार्ड ड्यूटी भत्ता, जोखिम भत्ता, वर्दी भत्ता, धुलाई भत्ता, 11 वर्षों से लंबित वेतन विसंगति दूर कर फार्मासिस्ट का एंट्री लेवल ग्रेड पे एल-11, फार्मासिस्ट ग्रेडझ्रप्रथम की ग्रेड पे एल-12, अधीक्षक फार्मासिस्ट की ग्रेड पे एल-14 करने, फार्मासिस्ट एवं फार्मासिस्ट ग्रेड प्रथम का पदनाम परिवर्तन कर क्रमश: फार्मेसी आॅफिसर एवं सीनियर फार्मेसी आॅफिसर करने, वर्ष 2021झ्र22 से कुल 817 पदों पर 31 अगस्त 2023 तक डीपीसी करके पदस्थापन देने, फार्मासिस्ट भर्ती 2023 को पूरा कर आचार संहिता से पूर्व नियुक्ति देने, सभी डीडीसी पर संविदा फार्मासिस्ट, हेल्पर तथा मशीन विद मैन की नियुक्ति करने तथा उन्हें संविदा सेवा नियम 2022 के तहत सम्मानजनक वेतन देने, आॅफलाइन रिकॉर्ड बंद कर केवल आॅनलाइन रिकॉर्ड संधारण के आदेश जारी करने सहित सात सूत्रीय मांगों पर कोई क्रियान्वित नहीं करने से पूरे फार्मासिस्ट संवर्ग में भारी रोष है। विजेन्द्र सिंह बेमला व प्रभारी भरत पारीक ने बताया कि सभी जिला मुख्यालयों पर 4 से 6 सितंबर को मीटिंग तथा 8 सितंबर को जयपुर में विशाल रैली आयोजित की जाएगी। इसके बाद15 सितंबर को प्रदेश के सभी फार्मेसिस्ट सामूहिक अवकाश लेंगे। ज्ञापन देने वाले प्रतिनिधिमंडल में हेमेंद्र यादव,जयश्री जैन,दीपशिखा,प्रियंका लोकवानी,संपत जाट,अभिलाषा जैन,मनीष भावसार संपत जाट,लोकेश सालवी, करण सिंह नटवर शर्मा,नरेंद्र बैरवा,सेटलाइट अंबामाता से लक्ष्मी लाल,मोहम्मद इमरान,सेटेलाइट हिरण मंगरी से निकिता रज्जक,रीना डामोर,शेफाली नगर, चंद्रभान सिंह ,सज्जन सिंह भी मौजूद थे।
सरकार की अनदेखी पर फार्मासिस्ट पुन: आंदोलन की राह पर
