माय भारत बजट क़्वेस्ट के तहत लाइव संवाद कार्यक्रम आयोजित

उदयपुर, 13 अप्रैल। भारत सरकार के युवा एवं खेल मंत्रालय तथा प्रदेश सरकार के युवा एवं खेल विभाग के संयुक्त तत्वावधान में माय भारत बजट क़्वेस्ट 2026 लाइव संवाद कार्यक्रम का आयोजन सोमवार को जिला कलक्ट्रेट स्थित डीओआईटी वी.सी. कक्ष में जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल की उपस्थिति आयोजित हुआ।

इस अवसर पर केंद्रीय युवा एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा तथा राज्य के युवा एवं खेल मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने लाइव संवाद के माध्यम से युवाओं को संबोधित किया गया। कार्यक्रम में स्कूल, कॉलेज एवं तकनीकी शिक्षा से जुड़े विद्यार्थी, युवा, कृषि मित्र, उद्योग विभाग से संबंधित प्रतिनिधि, स्टार्टअप उद्यमी तथा एनएसएस, एनसीसी एवं माई भारत के स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी निभाई।

लाइव संवाद के दौरान केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा युवाओं के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई तथा इन योजनाओं से युवाओं को मिलने वाले लाभों पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को प्राप्त करने में युवाओं की भूमिका, बजट में युवाओं के सुझावों का महत्व और राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी पर भी जोर दिया गया।

कार्यक्रम में उपस्थित युवाओं को अपने दैनिक जीवन में कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए ‘राष्ट्र प्रथम’ के संकल्प के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। इस दौरान अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी वीरमाराम, सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग, जिला परिषद के अधिकारी एवं अन्य विभागों के कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
कैप्शन
माय भारत उदयपुर। माय भारत बजट क़्वेस्ट संवाद कार्यक्रम के तहत डिओआईटी वीसी कक्ष में उपस्थित जिला कलेक्टर एवं अन्य प्रतिभागी

उद्यानिकी में समन्वित फसलोत्तर प्रबंधन विषयक समीक्षा बैठक
उदयपुर, 13 अप्रैल। संयुक्त निदेशक उद्यान, खण्ड-उदयपुर कार्यालय में उद्यानिकी में समन्वित फसलोत्तर प्रबंधन हेतु समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए संयुक्त निदेशक उद्यान, केन्द्रीय प्रवर्तित योजना उद्यान आयुक्तालय, जयपुर प्रदीप कुमार अग्रवाल ने बताया कि फसल तुड़ाई उपरांत प्रबंधन में पैकेजिंग, ग्रेडिंग, परिवहन संसाधन और पकाई तथा भण्डारण शामिल है। यह सुविधाएॅ बागवानी उत्पादन की विपणनता को बढाने, उत्पाद के मूल्य संवर्धन, लाभप्रदता को बढाने और नुकसान कम करने के लिए बागवानी फसलों के शीत भंडारण, परिवहन, विपणन, पैकेजिंग और ग्रेडिंग तथा निर्यात के लिए बुनियादी ढाचे संबंधी सुविधाओं के नेटवर्क की स्थापना को प्रोत्साहित करने हेतु अनुदान देय है। इस हेतु पैक हाउस, समन्वित पैक हाउस की स्थापना, प्री-कुलिंग युनिट, रेफ्रीजरेटेड वेन, शीत भण्डारण इकाईयां, प्राथमिक/चल प्रसंस्करण इकाई, राईपनिंग चेम्बर, कम लागत के प्याज भण्डारण संरचना, कोल्ड स्टोरेज, कोल्ड रूम (स्टेजिंग) प्रसंस्करण इकाई, समन्वित कोल्ड चेन सप्लाई सिस्टम आदि परियोजनाओ हेतु उद्यमियो/कृषक/कृषक समूह, सहकारी समितियो, उत्पादक संघ, कम्पनीज, स्वयं सहायता समूह, महिला कृषक समूह (न्यूनतम 25 सदस्य व पंजीकृत) आदिको क्रेडिंट लिंक बैक एंडेड सब्सिडी के रुप में (जमा से जुडी वापिसी आर्थिक सहायता) अनुदान देय है।
इसके अन्तर्गत पैक हाउस की लागत 4.00 लाख प्रति इकाई एवं अनुदान 50 प्रतिशत, समन्वित पैक हाउस की लागत 50.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, प्री-कुलिंग इकाई लागत 25.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, कोल्ड रुम इकाई लागत 15.00 लाख, अनुदान 35 प्रतिशत, रेफ्रीजरेटेड वेन इकाई लागत 26.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, प्राथमिक/मोबाईल प्रसंस्करण इकाई लागत   25.00 लाख अनुदान 35 प्रतिशत, परिरक्षण इकाई लागत 2.00 लाख अनुदान 50 प्रतिशत, कम लागत प्याज भण्डारण इकाई लागत 1.75 लाख अनुदान 50 प्रतिशत तथा इन्टीग्रेटेड कोल्ड चेन सप्लाई सिस्टम इकाई लागत 600.00 लाख का 35 प्रतिशत अनुदान देय है।
इस योजना का लाभ उठाने हेतु लाभार्थियो को सम्बन्धित जिले के उप निदेशक उद्यान को अपना आवेदन पत्र मय परियोजना प्रस्ताव की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट, प्रस्तुत करना होगा। जिसका उद्यान आयुक्तालय, जयपुर द्वारा सूक्ष्म निरीक्षण कर अनुदान हेतु स्वीकृति जारी की जायेगी। श्री अग्रवाल द्वारा समीक्षा बैठक में उपस्थित संभाग के पांचो जिलो के उप निदेशक उद्यान को निर्देशित किया कि पुरे संभाग में इस योजना अन्तर्गत अधिकाधिक पत्रावलियां तैयार कर कृषको/उद्यमियो /कृषक समूहो/ स्वंय सहायता समूहो को लाभान्वित करने की कार्य योजना तैयार कर क्रियान्वित करावे।

By Udaipurviews

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