बैठक लेकर दिए निर्देश – मिशन मोड पर हो प्रकरणों का निस्तारण
उदयपुर, 6 फरवरी। जिले में वनाधिकार प्रकरणों के निस्तारण को लेकर जिला कलक्टर ताराचंद मीणा गंभीर दिखे। इस संबंध में उन्होंने सोमवार को अपने सभागार में एक विशेष बैठक बुलाई और संबंधित अधिकारियों के साथ वनाधिकार क्षेत्र में काम करने वाली संस्थान के प्रतिनिधियों से संवाद करते हुए इन प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए।
कलक्टर ने कहा कि वनाधिकार प्रकरणों के निस्तारण के लिए एक माह का विशेष अभियान चलाया जाए और प्राप्त प्रकरणों की जांच करते हुए पात्र व्यक्ति को समय पर लाभान्वित किया जाए। उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग एवं संस्थान इस कार्य को प्राथमिकता से पूर्ण करे और मिशन मोड पर कार्य करते हुए वनाधिकार प्रकरणों का निस्तारण कर आवेदकों को राहत प्रदान करे।
इससे पूर्व उन्होंने समस्त संभागियों से व्यक्तिगत रूप से बात करते हुए वनाधिकार के व्यक्तिगत और सामुदायिक प्रकरणों के निस्तारण में आने वाली कठिनाईयों के बारे में पूछा और इसके निस्तारण के संबंध में विभागीय अधिकारियों को महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
वनाधिकार प्रकरण तैयार करने देंगे विशेष प्रशिक्षण:
जिला कलक्टर ने कहा कि वनाधिकार के प्रकरणों को तैयार करने के संबंध में ग्रामीणों को जागरूक किया जाए, इसके लिए उन्होंने ग्राम पंचायतवार विशेष प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। कलक्टर ने संबंधित संस्थान प्रतिनिधियों को आगामी 12 फरवरी को राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देने के लिए आयोजित होने वाले जनप्रतिनिधियों के विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम में आमंत्रित किया और कहा कि वे इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में वनाधिकार प्रकरणों को तैयार करने के संबंध में जानकारी प्रदान करें।
कुरीतियों को दूर करने के लिए भी आगे आवें:
कलक्टर मीणा ने मौजूद प्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वनाधिकार के साथ ही क्षेत्र में प्रचलित कुरीतियों को दूर करने में भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करें। उन्होंने बाल श्रम, बाल विवाह, महिला साक्षरता में कमी आदि को दूर करने के लिए प्रयास करने का आह्वान किया।
बैठक को संबोधित करते हुए जिला परिषद सीईओ मयंक मनीष ने कहा कि वनाधिकार प्रकरणों को तैयार करने और अन्य विभागीय योजनाओं का लाभ प्रदान करने में आवश्यक दस्तावेज तैयार करने के लिए जिला प्रशासन द्वारा गतिमान प्रशासन बस को चलाया जा रहा है। इसका एक माह का कार्यक्रम जारी किया जा रहा है। यह हर ग्राम पंचायत तक पहुंचेगी, ऐसे में इसका अधिकाधिक लाभ दिलवाया जाए।
बैठक में टीएडी उपायुक्त पर्वत सिंह चूंडावत ने वनाधिकार प्रकरणों की स्थिति और लंबित प्रकरणों तथा इनके निस्तारण के संबंध में जानकारी प्रदान की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। राजीविका के जिला प्रबंधक अनिल पहाडिया ने राजीविका के संबंध में तथा वन धन विकास केन्द्रों के संबंध में लियाकत खां ने जानकारी दी। इस बैठक में जिले की सभी ब्लॉक से प्रतिनिधि मौजूद रहे।
वनाधिकार प्रकरणों के निस्तारण के लिए कलेक्टर हुए गंभीर
