चाह और चिंता से दूर रह सुखी जीवन व्यतीत करें-संयमलताश्री
उदयपुर। सेक्टर-4 में विराजित श्रमण संघीय जैन दिवाकरीय महासाध्वी हाँ. श्री संयमलताजी म.सा., हाँ. श्री अमितप्रज्ञाजी म.सा., श्री कमलप्रज्ञाजी म.सा., श्री सौरभप्रज्ञाजी म.सा. आदि ठाणा-4 के सान्निध्य में सुख-शांति-समृध्दि हेत महामंगलकारी अनुष्ठान सानंद संपन्न हुआ।
धर्मसभा को संबोधित करते हुए साध्वी डॉ. संयमलता ने कहा कि सुखी जीवन का राज सिर्फ इतना सा है कि हम चाह और चिंता से दूर रहें। हम अभाव में नहीं सद्भाव में जीएं। कर्तापन के बोझ को अपने सिर से उतार फेंके और अहंकार शून्य, सच्चाई पूर्ण जीवन यापन करें। प्रतिष्ठा, प्रदर्शन और प्रतिस्पर्धा से बचें और अध्यात्म व आत्म धर्म की दिशा में गतिशील रहें।
सेक्टर-4 में सुख शांति हेतु जप अनुष्ठान हुआ संपन
