सांसद गरासिया के प्रश्न पर जवाब: युवाओं में संसदीय प्रक्रियाओं की समझ बढ़ाने राष्ट्रीय युवा संसद कार्यक्रम में किया विस्तार

-एनवायपीएस 2.0 देशभर के सभी शैक्षणिक संस्थानों, समूहों और नागरिकों के लिए खुला
उदयपुर। संसदीय कार्य मंत्रालय ने लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ करने और युवाओं में संसदीय प्रक्रियाओं की समझ बढ़ाने के लिए राष्ट्रीय युवा संसद कार्यक्रम का विस्तार किया है।
राज्यसभा में सांसद चुन्नीलाल गरासिया की ओर से पूछे गए प्रश्न पर संसदीय कार्य मंत्रालय द्वारा यह जानकारी दी गई। बताया गया कि एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों के लिए वर्ष 2024 में शुरू की गई राष्ट्रीय युवा संसद प्रतियोगिता का उद्देश्य आदिवासी क्षेत्रों में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत करना, भिन्न विचारों के प्रति सहिष्णुता विकसित करना और विद्यार्थियों को संसद एवं संसदीय संस्थानों के कार्य से परिचित कराना है।  राष्ट्रीय युवा संसद योजना (एनवायपीएस) 2.0 के तहत सितंबर 2024 में लॉन्च किए गए इस उन्नत संस्करण ने पूर्ववर्ती योजना की सीमाओं को दूर किया है। पहले केवल मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों के विद्यार्थी भाग ले सकते थे। अब एनवायपीएस 2.0 देशभर के सभी शैक्षणिक संस्थानों, समूहों और नागरिकों के लिए खुला है।
मंत्रालय ने बताया कि इसमें भागीदारी के तीन विकल्प उपलब्ध हैं जिनमें पहला संस्थान द्वारा प्रतिभागिता में कक्षा 6 से 12 तक किशोर सभा और स्नातक व स्नातकोत्तर स्तर पर तरुण सभा। दूसरा समूह द्वारा प्रतिभागिता में नागरिकों का समूह पोर्टल पर दिशा-निर्देशों के अनुसार युवा संसद आयोजित कर सकता है तथा तीसरा व्यक्तिगत प्रतिभागिता में कोई भी नागरिक क्रियाशील भारतीय लोकतंत्र विषय पर प्रश्नोत्तरी के माध्यम से भाग ले सकता है।
मंत्रालय द्वारा बताया गया कि जिन राज्यों या संघ राज्य क्षेत्रों में विधानसभा नहीं है, वहां युवा संसद प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए केंद्र सरकार द्वारा वास्तविक व्यय की प्रतिपूर्ति की जाती है। सीमा ₹2 लाख प्रति संघ राज्य क्षेत्र प्रति वर्ष निर्धारित है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में अभी तक किसी भी बिना विधानसभा वाले संघ राज्य क्षेत्र से दावा प्राप्त नहीं हुआ है।

By Udaipurviews

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