उदयपुर 15 अक्टूबर। वन एवं पर्यावरण विषयों पर हितधारकों के साथ परिचर्चा का आयोजन शनिवार को वन संरक्षक आर.के.जैन की अध्यक्षता में ओटीसी सभागार में हुआ। परिचर्चा में उपस्थित प्रतिभागियों द्वारा आगामी प्रस्तुत किये जाने वाले राज्य बजट में वन विभाग को घर-घर औषधी योजना में आयुर्वेदिक, शिक्षा विभाग, पंचायती राज विभाग की भागीदारी बढाने, वन क्षैत्रों में बांस की गुणवता बढ़ाने, शहर के आस-पास वन क्षेत्रों में पक्की दीवार निर्माण कराकर वनों को संरक्षित करने, जंगलों में औषधी पौधों का वृक्षारोपण बढ़ाने, फिल्ड स्टाफ की संख्या बढ़ाने, कंदमूल की खेती को प्रोत्साहित करने एवं वन संरक्षण समिति में गुणीजनों को जोड़ने, जनसंख्या के अनुपात के हिसाब से वन भूमि से वन्यजीवों के खतरों से निपटने के लिये स्टाफ को बढ़ावा देने, जीविकोपार्जन गतिविधियों को बढ़ावा देना, वन विभाग बांस डिपो स्वरूपगंज में बनाने, ईकोट्यूरिज्म को बढ़ावा देने इत्यादि बिन्दुओं पर चर्चा/सुझाव प्रस्तुत किये गये।
इस अवसर पर उप वन संरक्षक मुकेश सैनी, सुपोंग शशी व डी.के.तिवारी, क्षेत्रीय वन अधिकारी नरपत सिंह सहित आयुर्वेदिक विभाग, राजस्थान बांस व्यापारी संघ, जनरल मैनेजर वर्क्स लिमिटेड, ग्रीन पीपल सोसाईटी, उदयपुर चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्रीज उदयपुर, प्रदूषण एवं नियंत्रण बोर्ड के प्रतिनिधि एवं वन विभाग के संभाग स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
वन एवं पर्यावरण विषयों पर हितधारकों के साथ परिचर्चा सम्पन्न
