प्रतापगढ़, 15 सितंबर। राजस्थान अधीनस्थ कम्प्यूटर कर्मचारी संघ के आह्वान पर पूरे प्रदेश में 15 सितंबर से आईटी कार्मिकों द्वारा वादा खिलाफी आक्रोश आंदोलन का आगाज शुरू हुआ। प्रतापगढ़ जिले में पहले दिन वादा खिलाफी आक्रोश आंदोलन के तहत काली पट्टी बांधकर एवं विभागीय व्हाट्सएप ग्रुप से लेफ्ट होकर विरोध प्रदर्शन दर्ज किया गया ।

राजस्थान अधीनस्थ कंप्यूटर कर्मचारी संघ प्रतापगढ़ जिला अध्यक्ष कारूलाल जणवा ने बताया कि आईटी कार्मिक अनवरत रूप से अपनी मांगो की पूर्ति के लिए प्रयासरत है। सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग जयपुर एवं राजस्थान अधीनस्थ कम्प्यूटर कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों के बीच 30 सितंबर 2021 को 7 सूत्रीय मांग पत्र पर लिखित समझौता हुआ था। विभाग के द्वारा मांगों पर सहमति जताते हुये एक माह में पूर्ण करने का लिखित समझौता पत्र संगठन को दिया गया था। लेकिन विभाग के द्वारा अधिकतर मांगो पर सकारात्मक कार्यवाही नही करने पर कार्मिकों में आक्रोश हैं। महिला विंग प्रभारी ममता श्रोती ने बताया कि विभाग द्वारा संगठन के साथ वादा खिलाफी करने के कारण समस्त सूचना सहायक एवं सहायक प्रोग्रामर (आईटी कार्मिकों) द्वारा 15 सितम्बर से 1 माह तक वादा खिलाफी आक्रोश आंदोलन पूरे राजस्थान में शुरू हुआ। इसके तहत प्रतापगढ़ जिले में गुरुवार एवं शुक्रवार को 2 दिन तक आईटी कार्मिक काली पट्टी बांधकर कार्यालय में उपस्थित होंगे। कार्यक्रम अनुसार पहले दिन जिले के विभिन्न विभागों, उपखंड स्तरीय कार्यालयों में कार्यरत सूचना सहायक एवं सहायक प्रोग्रामरो ने काली पट्टी बांधकर अपना विरोध दर्ज कराया। साथ ही अपने विभागाध्यक्ष को वादाखिलाफी आंदोलन के संबंध में पत्र प्रस्तुत किया गया। सभी कार्मिकों ने अपने ऑफिशियल विभागीय व्हाट्सएप ग्रुप से लेफ्ट होकर विरोध प्रदर्शन दर्ज कराया।
मीडिया प्रभारी अमृत मीणा बताया कि अगले चरण में 19 से 29 सितंबर तक माननीय मुख्यमंत्री महोदय के नाम चिट्टी एवं समस्त विधायक गण को ज्ञापन देने के साथ ट्विटर पर कैंपेन की शुरुआत की जाएगी। आगामी 30 सितंबर को एक दिवसीय धरना एवं रैली का आयोजन किया जाएगा जिसमें जिला कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन दिया जाएगा।
