वर्ल्ड स्टेम्प चेम्पियनशीप में उदयपुर के वीरेन्द्र शर्मा ने जीता गोल्ड मैडल

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राजस्थान को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर मिला गौरव
उदयपुर, 25 अगस्त। वर्ल्ड स्टेम्प चैंपियनशीप में उदयपुर निवासी वीरेन्द्र शर्मा ने गोल्ड मैडल जीतकर राजस्थान को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर गौरवांवित किया है। फ़ेडेरेशन ऑफ़ इंटरनेशनल फिलाटेली के सरंक्षण में इंडोनेशिया के जकार्ता में 4 से 9 अगस्त तक आयोजित की गई इन्टरनेशनल एक्सपो में राजस्थान के वीरेन्द्र शर्मा ने गोल्ड मेडल जीत विश्व में राजस्थान के नाम का झण्डा फहराया। उनका यह गोल्ड मेडल भारतीय कमिश्नर (पूर्व प्रशासनिक अधिकारी) सहदेव साहू ने प्राप्त किया।  
जोधपुर मूल के उदयपुर के अद्वैया सोलूशन्स में डायरेक्टर पद पर कार्यरत वीरेन्द्र शर्मा ने ‘ब्रिटिश इंडिया क्वीन विक्टोरिया पोस्टल स्टेशनरी” शीर्षक के कलेक्शन को आठ फ्रेम में लगाया था, इस प्रदर्शनी में भारत के 35 लोगों ने भाग लिया था जिसमें से वीरेन्द्र शर्मा ने गोल्ड जीता। इस प्रदर्शनी में सीनियर ग्रुप में 12 मुख्य वर्ग थे।
इस तरह वीरेन्द्र ने जीता गोल्ड:
अन्तर्राष्ट्रीय प्रदर्शनी वीरेन्द्र ने ब्रिटिश इंडिया द्वारा जारी प्रथम पोस्टकार्ड, लिफाफा, रजिस्टर्ड पत्र के अनेक प्रकार एक गहन अध्ययन के साथ दिखाया। उस समय भारत में प्रचलित डाक सामग्री थॉमस दी ला रुए, लंदन द्वारा प्रिंट होती थी। यहीं भारतीय डाक सामग्री तथा स्टाम्प – बर्मा, पर्शियन गल्फ, अदन, ब्रिटिश सोमालीलैंड एवं ज़़ैजि़बार में भी भेजी जाती थी। भारत में प्रथम डाक लिफाफा ब्रिटिश सरकार ने सन 1856 में जारी किया था। शर्मा के संग्रह में इस वर्ल्ड एक्सीबिशन में आर्काइवल, डाई प्रूफ, एस्से सामग्री लगायी गई जो ब्रिटिश ऑफिसर्स के अप्रूवल के लिए होती थी।
कई मैडल मिले है वीरेन्द्र को:
इससे पूर्व वीरेन्द्र शर्मा ने चीन और थाईलैंड में भी वर्ल्ड एक्सिबिशन में भाग लिया था और देश के लिए कई मैडल प्राप्त किये। यह उनका अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। उन्होंने 2010 में भारतीय डाक विभाग द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय फिलाटेलिक एक्सीबिशन में सर्वाेच्च गवर्नर ट्रॉफी भी प्राप्त की। मूलतः जोधपुर हाल उदयपुर निवासी वीरेन्द्र फिलाटेलिक एक्सीबिशन के नेशनल अक्क्रेडिटेड़ जूरी में भी शामिल  है।  
राजस्थान के लिए गौरव का पल:
इस अवसर पर उदयपुर फिलाटेलिक एवं नुमिस्मैटिक सोसाइटी के अध्यक्ष एम आर भंडारी तथा सीनियर फिलेटलिस्ट एवं वरिष्ठ उद्यमी अनोश ईलाविया ने बताया कि वीरेन्द्र शर्मा की यह उपलब्धि राजस्थान के लिए गौरव और भारतीय फिलाटेली के लिए एक मील का पत्थर साबित होगी। उन्होंने बताया कि इस अद्भुत उपलब्धि के अतिरिक्त वीरेंद्र ने भारतीय डाक विभाग, इंडिया स्टडी सर्किल, यूनाइटेड किंगडम, द रॉयल फिलाटेली सोसायटी, लंदन के माध्यम से कई वेबिनार में अपनी रिसर्च प्रदर्शित की है।

By Udaipurviews

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